करना था कचरा साफ कर दी 15 वे वित्त की सफाई, चालीस पंचायतों की जांच शुरू
Had to clean up the garbage, cleaned up the 15th Finance, investigation of forty Panchayats started

रिपोर्टर — देवीचरण ठाकुर
31 लाख रूपये विकास मद खर्च के बाद भी गांव में स्वच्छता दिख नहीं रहा
गरियाबंद –देवभोग ब्लाक के 40 ग्राम पंचायतों ने स्वच्छता के नाम 15 वें वित्त विकास मद की राशि तो आहरण कर खर्च कर लिया पर गांव में कहीं सफाई नहीं हुयी मामला समाचार पत्रों और इलेक्ट्रॉनिक मिडिया के सुर्खियों में रहा खुलासे और समाचार प्रकाशन के बाद जिला पंचायत सीईओ प्रखर चंद्राकर ने संज्ञान लेते हुए इसके जांच आदेश जारी कर दिये जहां जांच के निर्देश के बाद जनपद प्रशासन ने पांच सदस्यीय जनपद स्तरीय जांच दल गठित कर दिया मामले पर गठित जांच दल ने देर से सही पर बीते शुक्रवार से जांच शुरू कर दी है।
आखिर जांच को शुरू करने नौ दिन क्यों लगे?देरी पर उठ रहे हैं सवाल
जिला पंचायत के निर्देश के बाद जनपद पंचायत सीईओ भारतीश भगत ने 18 सितम्बर को ग्रामीण यांत्रिकी सेवा उपसंभाग देवभोग के अनुविभागीय अधिकारी राधाकृष्ण शर्मा को प्रभारी बनाकर दो करारोपण अधिकारी भजनलाल बघेल, यमप्रकाश रजक,अभियंता भूपेंद्र सिंह वर्मा और तकनीकी सहायक योगेश सेन की सदस्यता वाली पांच सदस्यीय दल गठित कर दिया था मामले पर आदेश के बाद भी जांच दल को जांच शुरू करने में नौ दिन लग गये बीते दस दिनों में झाखरपारा और दिवानमुडा इन दो पंचायत की जांच हो सकी है आखिर जांच में देरी क्यों की गयी ? क्या मामले पर पंचायतों को लिपापोती के लिये समय दिया गया अब जांच दल पर भी सवाल खड़े हो रहे हैं।
चालीस पंचायत जांच दल को 15 दिन का समय एक दिन में दस पंचायत की खानापूर्ति
जांच दल को 15 वें वित्त के स्वच्छता मामले पर बोगस खर्चे की जांच आदेश के 15 दिन के भीतर जांच कर प्रतिवेदन स्पष्ट अभिमत सहित जनपद कार्यालय में प्रस्तुत करने है जांच नौ दिन बाद शुरू की गयी है 40 पंचायतों में जांच करने हैं और जांच दल के पास छह दिन का समय है ऐसे में 15 दिवस के भीतर जांच पूर्ण कर लेना संभव नहीं है। प्राप्त जानकारी के अनुसार जांच दल एक दिन में दस पंचायतों की जांच करेगी जो किसी भी हालत में संभव नहीं है लोगों के ज़ेहन में सवाल है क्या ये जांच महज एक खानापूर्ति तो नहीं है। सूत्रों से मिली जानकारी के अनुसार जांच दल कुछ पंचायतों में जांच कर औपचारिकता पूरी करने के मूड़ में है।
जांच दल की मिडिया से दूरी पंचायत भवन में बैठकर जांच हो रही है पूरी
जांच दल पंचायतों तक पहुंच कर गठन के नौ दिन बाद जांच शुरू कर दिया है पर दल के अधिकारी मिडिया से दूरी बनाकर रखें है वहीं विकास मद से कराये गये कार्यों का भौतिक सत्यापन भी पंचायत भवन में बैठकर औपचारिक निपटाने की बात भी सामने आ रही है। हालांकि इस संबंध में जांच अधिकारी आर ईएस एसडीओ राधाकृष्ण शर्मा ने कहा जांच निष्पक्ष होगा और प्रतिवेदन तैयार कर जल्द सौंपी जायेगी।


