छत्तीसगढ़
पहली बार छात्रों ने ट्रिगर दबा कर फायरिंग का भी अनुभव लिया
For the first time, students also experienced firing by pressing the trigger.

लोकेश्वर सिन्हा, गरियाबंद
गरियाबंद । गरियाबंद के ग्रामीण अंचल के छात्रों के लिए वह ऐतिहासिक क्षण था जब वे फाइटर प्लेन चलाने की बारीकियां मॉडल के जरिए सीखा, एयरपोर्ट सिमुलेटर विजीट कर टेक ऑफ, टेक ऑन को जानने के अलावा प्लेन अक्षांश देशांश की गणना कर कैसे सटीक स्थान पर लैंडिंग करता है।
पहली बार छात्रों ने ट्रिगर दबा कर फायरिंग का भी अनुभव लिया। विभिन्न गतिविधियों के माध्यम से साहसिक सैन्य गतिविधियों की प्रारंभिक अहसास भी दिलाया गया। यह सब संभव हो सका राष्ट्रीय कैडेड कोर के कारण जिले का एक मात्र कैडेट कोर देवभोग के स्वामी आत्मानंद स्कूल में मौजूद है।
3 सीजी एयर स्क्वाड्रन एनसीसी रायपुर के तहत यहां एयर विंग का कोर संचालित हैं, जहा भर्ती सभी 40 छात्र ग्रामीण अंचल के हैं। हाल ही में इनके से 20 कैडेट्स को रायपुर के माना स्थित पंडित जवाहर लाल नवोदय विद्यालय में 10 दिवसीय प्रशिक्षण दिया गया है।
कैडेट्स को
दैनिक गतिविधियों में हेल्थ रन, योग, ड्रिल, संस्थागत प्रशिक्षण, एयरोमोडेलिंग, कल्चरल एक्टिविटी के अलावा आईआईएस आईएफएस अफसरों से मुलाकात कर नेतृत्व क्षमता के गुण विकसित करने जरूरी टिप्स भी दिया गया। यह ग्रामीण अंचल के छात्रों के लिए कभी न भूलने वाली ऐतिहासिक क्षण था।



