रीवा मप्र रिपोर्टर सुभाष मिश्रा
पटेहरा स्कूल में अव्यवस्थाओं पर कलेक्टर नाराज: छात्राओं के लिए असुरक्षित जगह शौचालय, 99 छात्रवृत्ति आवेदन लंबित; प्राचार्य पर कार्रवाई के निर्देश
रीवा। मुख्यमंत्री जन विश्वास अभियान के तहत जवा विकासखंड के ग्राम कल्याणपुर में आयोजित शिविर से पहले कलेक्टर नरेन्द्र कुमार सूर्यवंशी और जिला पंचायत की मुख्य कार्यपालन अधिकारी सृष्टि देशमुख गौड़ा ने हाई स्कूल पटेहरा का निरीक्षण किया। स्कूल में साफ-सफाई समेत कई व्यवस्थाओं में लापरवाही सामने आने पर कलेक्टर ने नाराजगी जताई और प्राचार्य के खिलाफ कड़ी अनुशासनात्मक कार्रवाई के निर्देश दिए।
छात्राओं के शौचालय की स्थिति पर जताई नाराजगी
निरीक्षण के दौरान स्कूल परिसर में साफ-सफाई का अभाव मिला। छात्राओं के लिए शौचालय का निर्माण ऐसी जगह किया गया है, जहां पहुंचने में उन्हें परेशानी होती है। कलेक्टर ने स्कूल प्रबंधन को व्यवस्थाओं में तत्काल सुधार के निर्देश दिए।
उन्होंने कहा कि प्राचार्य की जिम्मेदारी केवल विद्यार्थियों की पढ़ाई तक सीमित नहीं है, बल्कि स्कूल की साफ-सफाई और मूलभूत व्यवस्थाओं पर भी नजर रखना जरूरी है। स्टाफ रूम में आलमारियों के ऊपर जमा कचरा तत्काल साफ कराने के निर्देश दिए गए।
11वीं के विद्यार्थियों को अब तक नहीं मिलीं किताबें
निरीक्षण में सामने आया कि कक्षा 11वीं के विद्यार्थियों को अभी तक नि:शुल्क पाठ्यपुस्तकें नहीं मिली हैं। इस पर कलेक्टर ने नाराजगी जताते हुए कहा कि विद्यार्थियों को समय पर किताबें उपलब्ध नहीं होना गंभीर लापरवाही है। उन्होंने ऐसी स्थिति दोबारा नहीं होने की हिदायत दी।
99 छात्रवृत्ति आवेदन लंबित
स्कूल में 99 विद्यार्थियों के छात्रवृत्ति आवेदन लंबित पाए गए। कलेक्टर ने प्राचार्य को निर्देश दिए कि सभी लंबित आवेदन दो दिन के भीतर दर्ज कर प्रक्रिया पूरी की जाए।
लगातार लापरवाही की शिकायत, हाईकोर्ट में अवमानना प्रकरण भी
मौके पर मौजूद जिला शिक्षा अधिकारी पीएल मिश्रा ने कलेक्टर को बताया कि प्राचार्य द्वारा लगातार लापरवाही बरती जा रही है। उन्होंने यह भी जानकारी दी कि प्राचार्य के विरुद्ध हाईकोर्ट में अवमानना का प्रकरण चल रहा है। जानकारी के बाद कलेक्टर ने नाराजगी व्यक्त करते हुए प्राचार्य के विरुद्ध कड़ी अनुशासनात्मक कार्रवाई के निर्देश दिए।
कलेक्टर ने स्पष्ट किया कि स्कूलों में विद्यार्थियों की पढ़ाई के साथ-साथ मूलभूत सुविधाओं और प्रशासनिक व्यवस्थाओं में किसी भी प्रकार की लापरवाही बर्दाश्त नहीं की जाएगी।
