छत्तीसगढ़ सहित आंधप्रदेश, तेलंगाना, महाराष्ट्र और सी आर पी एफ के महानिदेशकों की बड़ी बैठक, नक्सलियों ने जारी किया प्रेस नोट, बताया मौतों का आंकड़ा

रायपुर/बस्तर/हैदराबाद। आगामी अक्टूबर-नवंबर 2023 में होने वाले विधानसभा चुनाव के मद्देनजर नक्सल प्रभावित क्षेत्रों में कानून व्यवस्था एवं अपराधिक गतिविधियों के ऊपर नियंत्रण और अन्य महत्वपूर्ण विषयों पर छत्तीसगढ़ के सीमावर्ती राज्यों के साथ एक अंतर राज्य समन्वय बैठक का आयोजन मंगलवार को हैदराबाद में किया गया था, जिसमें छत्तीसगढ़ के पुलिस महानिदेशक अशोक जुनेजा, तेलंगाना के पुलिस महानिदेशक अंजनी कुमार, महाराष्ट्र के पुलिस महानिदेशक रजनीश सेठ, आंध्र प्रदेश के पुलिस महानिदेशक राजेंद्रनाथ रेड्डी, अतिरिक्त महा निर्देशक सीआरपीएफ वितुल कुमार सहित चारों राज्यों के वरिष्ठ पुलिस अधिकारी इस बैठक में शामिल थे।
बैठक में सीमावर्ती नक्सल प्रभावित क्षेत्रों में पुलिस के सूचना तंत्र को और अधिक मजबूत बनाए जाने तथा स्थानीय ग्रामीणों को विश्वास में लेकर नक्सलवाद के विरुद्ध अभियान चलाने को लेकर विस्तृत चर्चा की गई। साथ ही नक्सलियों द्वारा 28 जुलाई से 3 अगस्त तक शहीदी सप्ताह मनाएं जाने वाला है जिसमें नक्सली द्वारा किसी बड़ी वारदात को अंजाम दिया जा सकता है इस पर भी चर्चा की गई।

वहीं नक्सलियों की कमेटी ने 25 जुलाई को एक प्रेस नोट जारी किया है। 1967 से 2023 तक इन 56 वर्षों में 1169 महिला नक्सलियों समेत कुल 14800 नक्सलियों की मौत हो चुकी है। भारत की कम्युनिस्ट पार्टी माओवादी की केंद्रीय कमेटी के प्रवक्ता अभय द्वारा जारी किए गए इस प्रेस नोट में इसका विस्तृत विवरण दिया गया है। बंगाल के नक्सलबाड़ी से शुरू हुए नक्सल आंदोलन को लेकर जारी किए गए प्रेस नोट में नक्सलियों की मौत का आंकड़ा रखा गया है। मारे गए नक्सलियों में 41 शीर्ष नेतृत्व के नक्सल नेता शामिल है पिछले 18 वर्षों में 8576 नक्सलियों की मौत हो चुकी है नक्सली 28 जुलाई से 3 अगस्त तक शहीदी सप्ताह मनाने की तैयारी कर रहे हैं। इस शहीदी सप्ताह में नक्सलियों द्वारा किसी बड़ी घटना को अंजाम दिया जा सकता है।



