रीवा मप्र | रिपोर्टर सुभाष मिश्रा
टाइगर श्रॉफ ने मुंबई बुलाकर किया साथ में वर्कआउट, बोले— जल्द रीवा आऊंगा
रीवा। सड़क हादसे में दोनों पैर गंवाने के बाद भी हिम्मत न हारने वाले रीवा के युवा उत्कर्ष मिश्रा आज लाखों लोगों के लिए प्रेरणा बन चुके हैं। उनके बुलंद हौसलों और फिटनेस के प्रति जुनून ने बॉलीवुड अभिनेता **** को भी प्रभावित कर दिया। टाइगर श्रॉफ ने उत्कर्ष को मुंबई बुलाकर अपने साथ जिम में वर्कआउट कराया और उनके जज्बे की खुलकर सराहना की।
रीवा जिले के सहजना गांव निवासी 22 वर्षीय उत्कर्ष मिश्रा कुछ वर्ष पहले रीवा-सतना हाईवे पर बेला के पास हुए एक भीषण सड़क हादसे में गंभीर रूप से घायल हो गए थे। हादसे में उन्हें स्पाइनल इंजरी हुई, जिसके बाद उनके दोनों पैर काम करना बंद कर गए। इलाज के बाद भी वे चलने में असमर्थ हैं, लेकिन उन्होंने अपनी जिंदगी को हार नहीं, बल्कि नई शुरुआत में बदल दिया।
व्हीलचेयर पर रहते हुए उत्कर्ष ने फिटनेस को अपना मिशन बनाया। वे रोज सुबह 4 बजे लोगों को व्यायाम और स्वस्थ जीवनशैली के लिए प्रेरित करते हैं। उनके मोटिवेशनल वीडियो सोशल मीडिया पर लगातार वायरल होते रहे हैं।
इन्हीं वीडियो में एक वीडियो में उत्कर्ष ने अभिनेता टाइगर श्रॉफ के साथ वर्कआउट करने की इच्छा जाहिर की थी। यह वीडियो टाइगर श्रॉफ तक पहुंचा, जिसके बाद उन्होंने सोशल मीडिया के माध्यम से उत्कर्ष को मुंबई आने का निमंत्रण दिया।
26 जून को उत्कर्ष मुंबई पहुंचे, जहां 28 जून को टाइगर श्रॉफ ने उनका आत्मीय स्वागत किया। करीब ढाई घंटे तक दोनों ने साथ समय बिताया और जिम में एक साथ वर्कआउट किया। इस दौरान टाइगर श्रॉफ स्वयं उत्कर्ष की व्हीलचेयर संभालते हुए उन्हें जिम तक ले गए और फिटनेस से जुड़े कई महत्वपूर्ण टिप्स भी साझा किए।
बातचीत के दौरान उत्कर्ष ने कहा कि उनका उद्देश्य समाज की सोच बदलना है। उन्होंने कहा, “व्हीलचेयर पर बैठे व्यक्ति को दया की नजर से नहीं, बल्कि उसकी क्षमता के आधार पर देखा जाना चाहिए। दिव्यांग व्यक्ति भी नेतृत्व कर सकता है और समाज के लिए प्रेरणा बन सकता है।”
उत्कर्ष की बातों से प्रभावित टाइगर श्रॉफ ने कहा, “आपके हौसले ने मुझे भी प्रेरित किया है। मैं जल्द ही रीवा आकर आपके साथ वर्कआउट करूंगा।”
उत्कर्ष मिश्रा की संघर्ष, आत्मविश्वास और सकारात्मक सोच की यह कहानी आज उन सभी लोगों के लिए प्रेरणा है, जो मुश्किल परिस्थितियों में हार मान लेते हैं। रीवा का यह युवा साबित कर रहा है कि अगर इरादे मजबूत हों, तो कोई भी चुनौती सफलता की राह नहीं रोक सकती।
