3 करोड़ 12 लाख गबन मामले का मास्टर माइंड चिकित्सा अधिकारी कालेश्वर नेगी गिरफ्तार

रिपोर्टर : लोकेश्वर सिन्हा
गरियाबंद। गरियाबंद जिले के मैनपुर सामुदायिक स्वास्थ्य केंद्र में 6 साल पहले बीएमओ के पद पर रहते हुए, कोषालाय अफसर और अपने अन्य सहकर्मी के साथ मिल कर लगभग 3 करोड़ 12 लाख गबन के मामले का मास्टर माइंड चिकित्सा अधिकारी कालेश्वर नेगी को पुलिस ने अरेस्ट कर लिया है। उनके तीन सहयोगी भी साथ में गिरफ्तार किया गया है।

मामला 6 साल पुराना है, जिले के मैनपुर ब्लॉक के स्वास्थ्य विभाग में पदस्थ 60 से ज्यादा सहकर्मी के नाम पर पीएफ, जीफ फण्ड का बोगस फाइल बना कर तत्कालीन बीएमओ ने खजाने से 3 करोड़ 12 लाख रुपये का गबन कर लिए थे। कर्मियो के बगैर जानकारी के उनके खाते में रकम आ रहे थे, जिसे गलती से ट्रांसफर होना बता कर बीएमओ वापस अपने पास जमा कराने लगे तो मामले का भंडा फोड़ हुआ, बैंक कर्मी से मिल कर ज्यादातर रुपए सीधे विभाग व निजी खाते के बैरियर चेक से रुपए निकाल बंदरबाट किया गया। खुलासे के बाद तत्कालीन बीएमओ को 2021 में हटा कर जांच शुरू किया गया। करप्शन की जड़ इतनी मजबूत थी कि मामले में एफआईआर दर्ज कराने 3 साल लगे।
18 मई को मामले में मैनपुर पुलिस ने 10 नामजद समेत अन्य के खिलाफ धोखाधडी के विभिन्न धाराओं के तहत मामला दर्ज किया। वित्तीय वर्ष 2016 से 2020 के बीच गरियाबंद कोषालय में पदस्थ रहे तीन कोषालय अधिकारी भी मामले में आरोपी बनाए गए हैं। अब तक मामले में 7 लोगो की गिरफ्तारी हो चुकी है।



